नगदी का संकट-बाजार में रिकॉर्ड तोड़ पैसा- फिर भी खाली पड़े हैं एटीएम. क्या है वजह. देश के अनेकों हिस्सों में नहीं है एटीएम में पैसा




नगदी का संकट-बाजार में रिकॉर्ड तोड़ पैसा- फिर भी खाली पड़े हैं एटीएम. क्या है वजह. देश के अनेकों हिस्सों में नहीं है एटीएम में पैसा
शक्ति छत्तीसगढ़ से कन्हैया गोयल की खबर
शक्ति -देश के कई हिस्सों में एटीएम इस समय नकदी संकट यानी कैश की किल्लत से जूझ रहे हैं। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) के आंकड़ों के मुताबिक, इस समय देश के बाजार में रिकॉर्ड ₹42.54 लाख करोड़ रुपये की करेंसी सर्कुलेशन में है, जो पिछले साल से करीब 12% ज्यादा है। यानी सिस्टम में पैसे की कोई कमी नहीं है, लेकिन फिर भी एटीएम खाली हो रहे हैं. एटीएम में कैश भरने वाली कंपनियों और सर्विस प्रोवाइडर्स की संस्था ‘कॉन्फेडरेशन ऑफ ATM इंडस्ट्री’ (CATMi) ने इस संकट को लेकर चेतावनी जारी की है। रिपोर्ट के मुताबिक, मार्च और अप्रैल के महीनों में एटीएम ऑपरेटर्स को मशीनों में डालने के लिए करीब ₹94,000 करोड़ रुपये की जरूरत थी।लेकिन इसके मुकाबले मार्च में उन्हें केवल 64% (₹61,000 करोड़) और अप्रैल में सिर्फ 57% (₹54,000 करोड़) कैश ही मिल पाया। यानी जरूरत के मुकाबले बैंकों और ऑपरेटर्स को करीब आधी नकदी से ही काम चलाना पड़ा। पिछले कुछ सालों में ईंधन की कीमतें बढ़ने, कर्मचारियों की मजदूरी बढ़ने और सुरक्षा के कड़े नियमों के कारण एटीएम के रखरखाव और कैश को एक जगह से दूसरी जगह ले जाने का खर्च बहुत ज्यादा बढ़ गया है। UPI का बढ़ता क्रेज: डिजिटल पेमेंट और UPI के आने से लोग अब एटीएम से कम पैसे निकाल रहे हैं।






