1 जून से महिलाओं को मिलेंगे प्रति महीने ₹3000 रुपए. बंगाल की सरकार का बड़ा फैसला राज्य में धार्मिक आधार पर संस्थाओं को मिलने वाली सहायता राशि बंद. कर्मचारियों के सातवें वेतन आयोग को मिली मंजूरी. राज्य के इमाम और पुजारी को मिलने वाला वेतन बंद. सोमवार को सरकार ने लिए बड़े फैसले



1 जून से महिलाओं को मिलेंगे प्रति महीने ₹3000 रुपए. बंगाल की सरकार का बड़ा फैसला राज्य में धार्मिक आधार पर संस्थाओं को मिलने वाली सहायता राशि बंद. कर्मचारियों के सातवें वेतन आयोग को मिली मंजूरी
शक्ति छत्तीसगढ़ से कन्हैया गोयल की खबर
शक्ति -पश्चिम बंगाल में बीजेपी की सरकार बनते ही जनता के हित में कई बड़े फैसले लिए जा रहे हैं। आज सोमवार को बंगाल की शुभेंदु सरकार की दूसरी कैबिनेट बैठक हुई. इस बैठक में कई अहम फैसले लिए गए जिसके बाद, वहां की जनता से लेकर सरकारी कर्मचारियों में ख़ुशी का माहौल है.मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार की कैबिनेट बैठक में सोमवार को कई बड़े फैसले लिए गए, जिसके तहत राज्य कर्मचारियों के सैलरी स्ट्रक्चर में सुधार के लिए 7वें राज्य वेतन आयोग के गठन को औपचारिक मंजूरी दे दी गई है। इसके साथ ही, कैबिनेट ने 1 जून 2026 से राज्य संचालित सभी सरकारी बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा और अन्नपूर्णा स्कीम को सैद्धांतिक मंजूरी दी है।1 जून से महिलाओं को हर महीने 3000 रुपये की आर्थिक मदद दी जाएगी.सुवेंदु अधिकरी के नेतृत्व वाली बंगाल सरकार ने आज हुई राज्य कैबिनेट की पहली बैठक में कई अहम फैसले लिए हैं। इसमें से दो सबसे महत्वपूर्ण फैसले हैं। जून से धार्मिक आधार पर बनी श्रेणियों को दी जाने वाली सरकारीसहायता बंद करना और कलकत्ता हाई कोर्ट के आदेश के बाद राज्य की मौजूदा OBC लिस्ट को रद करना। मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि कोटा पात्रता तय करने के लिए एक समिति बनाई जाएगी।सूचना और सांस्कृतिक मामले तथा अल्पसंख्यक मामले और मदरसा शिक्षा विभागों द्वारा धार्मिक आधार पर चलाई जा रही योजनाएं इस महीने के अंत कर जारी रहेंगी। जून से इन्हें रोक दिया जाएगा इसलिए इन योजनाओं को बंद करने का फैसला एक बड़ा नीतिगत बदलाव है। राज्य सरकार का मानना है कि कल्याणकारी कार्यक्रम धार्मिक पहचान पर आधारित नहीं होने चाहिए।पिछली तृणमूल सरकार ने राज्य में सत्ता में आने के एक साल बाद इमामों, मुअज्जिनों और मंदिर के पुजारियों के लिए मासिक मानदेय की घोषणा की थी






