डिब्बे में ग्राहक को पेट्रोल देना पेट्रोल पंप संचालक को पड़ा महंगा- कलेक्टर ने मांगा जवाब. ग्राहक ने पेट्रोल खरीद कर लगा ली थी अपने शरीर में आग



डिब्बे में ग्राहक को पेट्रोल देना पेट्रोल पंप संचालक को पड़ा महंगा- कलेक्टर ने मांगा जवाब. ग्राहक ने पेट्रोल खरीद कर लगा ली थी अपने शरीर में आग
शक्ति छत्तीसगढ़ से कन्हैया गोयल की खबर
शक्ति -बिलासपुर जिले में एक पेट्रोल पंप संचालक को डिब्बे में ग्राहक को पेट्रोल देना महंगा पड़ गया है तथा ग्राहक ने पेट्रोल खरीद कर पेट्रोल पंप से कुछ ही दूर अपने शरीर पर आग लगा ली थी। जिस पर जिला प्रशासन ने पेट्रोल पंप संचालक को कारण बताओं नोटिस जारी कर दिया है। कार्यालय कलेक्टर खाद्य शाखा बिलासपुर द्वारा सिद्धं फ्यूल्स GENS/24427/2026-FOOD BSP PADDY CMR SEC प्रोपाईटर / संचालक ग्राम-दगौरी, विकासखण्ड-बिल्हा जिला- बिलासपुर छत्तीसगढ़ को 22 अप्रैल 2026 को एक कारण बताओं नोटिस जारी किया गया है जिसमें दिनांक 17 अप्रैल 2026 को पम्प द्वारा नियम विरूद्ध डब्बे में पेट्रोल प्रदाय करने के संबंध में निर्देशित करते हुए बताया गया है की कार्यालय कलेक्टर (खाद्य शाखा) जिला-बिलासपुर का आदेश कमांक/256/खाद्य/2026 बिलासपुर, दिनांक 28-03-2026. के अनुसार दिनांक 17 अप्रैल 2026 को ग्राम पौंसरी निवासी मंजीत जायसवाल पिता लेखराम जायसवाल उम्र 28 वर्ष को लगभग 02:00 बजे से 02:40 बजे के मध्य आपके पेट्रोल पम्प से पीले डिब्बे में पेट्रोल प्रदाय किया गया है। डिब्बे में पेट्रोल प्राप्त करने के पश्चात् संबंधित के द्वारा भवानी चौक के कुछ आगे अमेरी अकबरी रोड के किनारे अपने शरीर में आग लगाया गया है।संदर्भित आदेश के माध्यम से जिले के समस्त पेट्रोल/डीजल पम्प संचालकों को केवल पम्प में आने वाले वाहनों के टंकी में ही पेट्रोल आपूर्ति करने के निर्देश जारी करते हुए किसी अन्य पात्र में पेट्रोल प्रदाय करने पर प्रतिबंध लगाया गया है। इस प्रकार आपके द्वारा शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देश का उल्लंघन किया गया है एवं आपका उपरोक्त कृत्य आवश्यक वस्तु अधिनियम् 1955 के दण्डनीय है।अतः उपरोक्त संबंध में कारण बतावे कि उपरोक्त संबंध में क्यों न आपके विरूद्ध आवश्यक वस्तु अधिनियम् 1955 के तहत् दण्डात्मक कार्यवाही की जावे ?उपरोक्त संबंध में अपना स्पष्टीकरण 03 दिवस के भीतर समक्ष में उपस्थित होकर प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें। नियत समयावधि में जवाब प्राप्त नहीं होने की दशा में आपको विरूद्ध एक पक्षीय कार्यवाही की जावेगी।



