शक्ति जिले में किसानों से जुड़ी 10 खास खबरें एक साथ एक ही लिंक पर- कृषि विभाग की योजनाओं का लाभ मिल रहा किसानों को.कैसा रहेगा मानसून. जाने इस खबर से


शक्ति जिले में किसानों से जुड़ी 10 खास खबरें एक साथ एक ही लिंक पर- कृषि विभाग की योजनाओं का लाभ मिल रहा किसानों को.कैसा रहेगा मानसून. जाने इस खबर से
शक्ति छत्तीसगढ़ से कन्हैया गोयल की खबर
शक्ति -सक्ती जिले में 1 जून 2026 से 17 जुलाई 2026 तक 356.5 मि.मी.औसत वर्षा दर्ज की गई है। बीते 24 घंटे में जिले में 13.0 मिली मीटर औसत वर्षा हुई है। भू-अभिलेख शाखा से प्राप्त जानकारी के अनुसार 1 जून 2026 से अब तक जिले के सक्ती तहसील में 329.2 मिली मीटर, जैजैपुर में 231.5, मालखरौदा में 416.1, डभरा में 373.1, नया बाराद्वार में 373.0, अड़भार में 345.9, हसौद में 317.8, चंद्रपुर में 487.9 एवं भोथिया में 334.3 मिली मीटर वर्षा दर्ज की गई है। प्राप्त जानकारी अनुसार आज की स्थिति मे तहसील सक्ती में 5.1 मिली मीटर, जैजैपुर में 13.7, मालखरौदा में 17.4, डभरा में 1.5, नया बाराद्वार में 38.5, अड़भार में 17.8, हसौद में 7.5, चंद्रपुर में 0 एवं भोथिया में 15.8 मिली मीटर वर्षा दर्ज की गई है
कृषि विभाग द्वारा पीएम किसान सम्मान निधि, एग्रीस्टैक पंजीयन एवं प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के लिए 31 जुलाई तक कृषक चौपाल का किया जा रहा आयोजन
शक्ति -प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए सभी पात्र हितग्राहियों का एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन तथा योजना से संबंधित आवश्यक जानकारी का अद्यतन होना अनिवार्य है। इसके अंतर्गत ई-केवाईसी, आधार सीडिंग एवं लैंड सीडिंग की प्रक्रिया पूर्ण होना आवश्यक है। फार्मर आईडी एवं पीएम किसान पोर्टल में जानकारी अद्यतन नहीं होने की स्थिति में किसानों को योजना का लाभ प्राप्त करने में कठिनाई हो सकती है। इसी उद्देश्य से कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन मे कृषि विभाग द्वारा जिले के सभी ग्रामों में 14 जुलाई 2026 से 31 जुलाई 2026 तक कृषक चौपाल आयोजित किए जा रहे हैं। कृषि विभाग से प्राप्त जानकारी अनुसार जिन किसानों ने अभी तक अपनी फार्मर आईडी नहीं बनवाई है, पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लिए आवश्यक ई-केवाईसी, आधार सीडिंग एवं लैंड सीडिंग नहीं कराई है, अथवा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में पंजीयन नहीं कराया है, वे अपने ग्राम में आयोजित कृषक चौपाल, ऑनलाइन माध्यम या नजदीकी सीएससी सेंटर में जाकर आवश्यक कार्यवाही पूर्ण कर सकते हैं। एग्रीस्टैक पंजीयन के लिए किसान को आधार कार्ड, ई-केवाईसी, आधार से लिंक मोबाइल नंबर एवं बी-1 दस्तावेज की आवश्यकता होगी। पंजीयन के उपरांत किसान को फार्मर आईडी जारी की जाएगी, जो भविष्य में विभिन्न कृषि योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए आवश्यक होगी। वहीं पीएम किसान पोर्टल में नवीन पंजीयन हेतु फार्मर आईडी, आधार कार्ड, आधार से लिंक मोबाइल नंबर, बी-1, पति या पत्नी का आधार कार्ड तथा राशन कार्ड जैसे दस्तावेज आवश्यक होंगे। ई-केवाईसी, आधार सीडिंग एवं लैंड सीडिंग की प्रक्रिया पूर्ण करने के लिए भी किसानों को फार्मर आईडी, आधार कार्ड, आधार से लिंक मोबाइल नंबर, बी-1, राशन कार्ड तथा पति या पत्नी के आधार कार्ड सहित आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत करने होंगे। कृषि विभाग ने जिले के सभी किसानों से अपील की है कि वे समय रहते फार्मर आईडी बनवाएं तथा पीएम किसान सम्मान निधि योजना और प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से संबंधित सभी आवश्यक प्रक्रियाएं पूर्ण करें, ताकि उन्हें शासन की योजनाओं का लाभ बिना किसी बाधा के प्राप्त हो सके। योजनाओं से संबंधित अधिक जानकारी के लिए किसान अपने क्षेत्रीय ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी, पटवारी, कृषि विभाग, राजस्व विभाग अथवा नजदीकी सीएससी सेंटर से संपर्क कर सकते हैं
ग्राम उपकाचुवा में कृषक चौपाल आयोजित, किसानों को दी गई कृषि योजनाओं एवं आधुनिक खेती की जानकारी।पीएम किसान, एग्रीस्टैक एवं फसल बीमा योजना से संबंधित आवश्यक प्रक्रियाएं समय-सीमा में पूर्ण कराने की अपील।31 जुलाई तक जिले के सभी ग्रामों में आयोजित किए जा रहे हैं कृषक चौपाल
शक्ति -कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो के निर्देशन एवं उप संचालक कृषि श्री तरुण प्रधान के मार्गदर्शन में जिले के किसानों को प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, एग्रीस्टैक पंजीयन एवं प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से जोड़ने तथा आवश्यक प्रक्रियाओं को समय-सीमा में पूर्ण कराने के उद्देश्य से 14 जुलाई से 31 जुलाई 2026 तक जिले के सभी ग्रामों में कृषक चौपालों का आयोजन किया जा रहा है। कृषि विभाग द्वारा किसानों से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के अंतर्गत ई-केवाईसी, आधार सीडिंग एवं लैंड सीडिंग की प्रक्रिया पूर्ण कराने तथा फार्मर आईडी बनवाने की अपील की गई है। विभाग ने बताया कि जिन किसानों ने अभी तक फार्मर आईडी नहीं बनवाई है अथवा प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में पंजीयन नहीं कराया है, वे अपने ग्राम में आयोजित कृषक चौपाल, नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) अथवा ऑनलाइन माध्यम से आवश्यक कार्यवाही कर सकते हैं। विभाग के अनुसार फार्मर आईडी भविष्य में विभिन्न शासकीय कृषि योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए महत्वपूर्ण होगी।इसी क्रम में आज विकासखंड सक्ती के ग्राम उपकाचुवा में कृषक चौपाल का आयोजन किया गया। चौपाल में किसानों को कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं, आधुनिक कृषि तकनीकों, उन्नत बीजों के उपयोग, फसल संरक्षण, जैविक खेती एवं शासन की किसान हितैषी योजनाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। साथ ही किसानों की समस्याओं एवं जिज्ञासाओं का समाधान कर उन्हें योजनाओं का अधिकतम लाभ लेने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम में उप संचालक कृषि श्री तरुण प्रधान, सहायक संचालक कृषि श्री सुमान पैकरा, कृषि विकास अधिकारी श्री निरंजन सिदार, ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी श्री अमित कुमार लहरे तथा कृषि सखी श्रीमती केकती सिदार सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। कृषक चौपाल में ग्राम के बड़ी संख्या में किसानों ने सहभागिता कर कृषि योजनाओं एवं नवीन कृषि तकनीकों की जानकारी प्राप्त की
आई.टी. असिस्टेंट संविदा भर्ती हेतु पात्र-अपात्र अभ्यर्थियों की सूची जारी।23 जुलाई 2026 तक कार्यालय में प्रस्तुत कर सकेंगे दावा-आपत्ति
शक्ति -महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला-सक्ती अंतर्गत जिला महिला सशक्तिकरण केन्द्र हेतु आई.टी. असिस्टेंट के 01 पद पर संविदा भर्ती के लिए प्राप्त आवेदन पत्रों के परीक्षण उपरांत पात्र एवं अपात्र अभ्यर्थियों की सूची जिले की आधिकारिक वेबसाइट https://sakti.cg.gov.in पर प्रकाशित कर दी गई है। जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग से प्राप्त जानकारी अनुसार यदि किसी अभ्यर्थी को प्रकाशित पात्र एवं अपात्र सूची के संबंध में कोई दावा अथवा आपत्ति प्रस्तुत करनी हो, तो वह 23 जुलाई 2026 सायं 5:30 बजे तक कार्यालय जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग, रीपा भवन, लवसरा रोड जेठा, जिला-सक्ती में स्वयं उपस्थित होकर अपना दावा-आपत्ति प्रस्तुत कर सकता है। विभाग ने बताया कि डाक, ईमेल, कूरियर अथवा अन्य किसी माध्यम से प्राप्त दावा-आपत्ति स्वीकार नहीं की जाएगी। निर्धारित तिथि एवं समय के पश्चात प्राप्त दावा-आपत्तियों पर विचार नहीं किया जाएगा। दावा-आपत्ति का निराकरण केवल आवेदन पत्र के साथ प्रस्तुत किए गए अभिलेखों एवं विवरण के आधार पर किया जाएगा। ऐसे किसी भी अभिलेख अथवा प्रमाण-पत्र पर विचार नहीं किया जाएगा, जो आवेदन पत्र के साथ प्रस्तुत नहीं किए गए हों। इस सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी तथा पात्र-अपात्र अभ्यर्थियों की सूची जिले की आधिकारिक वेबसाइट एवं महिला एवं बाल विकास विभाग कार्यालय, रीपा भवन, लवसरा रोड जेठा, जिला-सक्ती से प्राप्त कर सकते हैं
सुरक्षा गार्ड/नाइट गार्ड संविदा भर्ती हेतु पात्र-अपात्र अभ्यर्थियों की सूची जारी।23 जुलाई 2026 तक प्रस्तुत कर सकते हैं दावा-आपत्ति
शक्ति -महिला एवं बाल विकास विभाग, जिला-सक्ती अंतर्गत सखी वन स्टॉप सेंटर हेतु सुरक्षा गार्ड व नाइट गार्ड (सेवा प्रदाता) के 02 पदों पर संविदा भर्ती के लिए प्राप्त आवेदन पत्रों के परीक्षण उपरांत पात्र एवं अपात्र अभ्यर्थियों की सूची जिले की आधिकारिक वेबसाइट https://sakti.cg.gov.in पर प्रकाशित कर दी गई है। जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग से प्राप्त जानकारी अनुसार यदि किसी अभ्यर्थी को प्रकाशित पात्र एवं अपात्र सूची के संबंध में कोई दावा अथवा आपत्ति प्रस्तुत करनी हो, तो वह 23 जुलाई 2026 सायं 5:30 बजे तक कार्यालय जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग, रीपा भवन, लवसरा रोड, जिला-सक्ती में स्वयं उपस्थित होकर प्रस्तुत कर सकता है। विभाग ने बताया है कि डाक, ईमेल, कूरियर अथवा अन्य किसी माध्यम से प्राप्त दावा-आपत्ति स्वीकार नहीं की जाएगी। निर्धारित तिथि एवं समय के पश्चात प्राप्त दावा-आपत्तियों पर विचार नहीं किया जाएगा। दावा-आपत्ति का निराकरण केवल आवेदन पत्र के साथ प्रस्तुत अभिलेखों एवं विवरणों के आधार पर किया जाएगा। ऐसे किसी भी अभिलेख अथवा प्रमाण-पत्र पर विचार नहीं किया जाएगा, जो आवेदन पत्र के साथ प्रस्तुत नहीं किए गए हों। इस सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी तथा पात्र-अपात्र अभ्यर्थियों की सूची जिले की आधिकारिक वेबसाइट एवं महिला एवं बाल विकास विभाग कार्यालय, रीपा भवन, लवसरा रोड जेठा, जिला-सक्ती से प्राप्त कर सकते हैं
प्रधानमंत्री आवास योजना से श्रीमती हरबाई को मिला अपना पक्का आशियाना।कच्चे मकान की चिंता हुई दूर, परिवार को मिला सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन
शक्ति -शासन की जनकल्याणकारी प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण परिवारों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। इस योजना के माध्यम से सक्ती विकासखंड की ग्राम डोडकी निवासी श्रीमती हरबाई गबेल का वर्षों पुराना पक्के घर का सपना साकार हुआ है। श्रीमती हरबाई गबेल पहले अपने परिवार के साथ एक कच्चे मकान में रहती थी। बरसात के दिनों में छत से पानी टपकता था और घर की दीवारों की स्थिति भी कमजोर थी। मौसम खराब होने पर परिवार को हमेशा चिंता बनी रहती थी। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण स्वयं पक्का मकान बनाना उनके लिए आसान नहीं था। इसी दौरान उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना की जानकारी मिली। उन्होंने योजना के तहत आवेदन किया और पात्रता के आधार पर उन्हें आवास की स्वीकृति प्राप्त हुई। शासन की सहायता से उनका पक्का और मजबूत घर बनकर तैयार हुआ। श्रीमती हरबाई गबेल अपने परिवार के साथ सुरक्षित और सुविधाजनक घर में रह रहे हैं। नया घर मिलने से उनके परिवार के जीवन में स्थिरता और खुशहाली आई है। अब बच्चों को पढ़ाई के लिए बेहतर वातावरण मिला है और परिवार को हर मौसम में सुरक्षा का एहसास होता है। श्रीमती हरबाई गबेल बताती हैं कि पक्का घर बनना उनके जीवन की सबसे बड़ी खुशियों में से एक है। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना जरूरतमंद परिवारों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है।
खरीफ दलहन-तिलहन फसलों के रकबा में वृद्धि हेतु प्रोत्साहन राशि बढ़ाई गई।किसानों की आय बढ़ाने और फसल विविधीकरण को मिलेगा बढ़ावा, प्रति एकड़ 15 हजार रुपए तक प्रोत्साहन राशि का प्रावधान
शक्ति -राज्य सरकार ने किसानों की आय बढ़ाने तथा खेती को अधिक लाभकारी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। आगामी खरीफ मौसम में फसल विविधीकरण को प्रोत्साहित करने के लिए शासन द्वारा दलहन-तिलहन सहित अन्य वैकल्पिक फसलों की खेती पर आकर्षक प्रोत्साहन राशि प्रदान किए जाने का प्रावधान किया गया है। कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत अब तक मक्का, कोदो, कुटकी, रागी, दलहन-तिलहन एवं कपास जैसी खरीफ फसलें लेने वाले किसानों को प्रति एकड़ 10 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि प्रदान की जा रही थी। शासन ने इस व्यवस्था को और प्रभावी बनाते हुए धान के स्थान पर अन्य फसलें लेने वाले किसानों के लिए प्रोत्साहन राशि बढ़ाकर 15 हजार रुपए प्रति एकड़ कर दी है। यह निर्णय किसानों को पारंपरिक धान की खेती से हटकर वैकल्पिक एवं लाभकारी फसलों की ओर प्रेरित करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे न केवल जल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि मिट्टी की गुणवत्ता में सुधार तथा किसानों की आय में वृद्धि होने की भी संभावना है। योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए किसानों का एग्रीस्टैक पर पंजीयन अनिवार्य होगा। साथ ही डिजिटल क्रॉप सर्वे के माध्यम से खेत के रकबे की पुष्टि की जाएगी। सत्यापन के बाद पात्र किसानों को मान्य रकबे के आधार पर आदान सहायता राशि सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से हस्तांतरित की जाएगी। शासन ने स्पष्ट किया है कि योजना का लाभ लेने के लिए किसानों को एकीकृत किसान पोर्टल पर पंजीयन कराना होगा, जिसे वे अपनी नजदीकी सेवा सहकारी समिति के माध्यम से पूरा कर सकते हैं।
समर्थन मूल्य पर खरीदी की व्यवस्था, पीएम-आशा योजना से मिलेगा लाभ
शक्ति -प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण अभियान (पीएम-आशा) योजना के अंतर्गत अधिसूचित दलहन-तिलहन फसलों की न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी की व्यवस्था की गई है। पात्र किसान अपनी उपज को अधिसूचित उपार्जन केंद्रों में विक्रय कर सकते हैं। उपज विक्रय की राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे किसानों के बैंक खातों में हस्तांतरित की जाएगी। योजना का लाभ लेने के लिए कृषकों का एकीकृत किसान पोर्टल पर पंजीयन अनिवार्य है। इस प्रकार किसान राज्य एवं केंद्र सरकार की दोनों योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। योजना का लाभ लेने हेतु किसान सेवा सहकारी समिति में जाकर एकीकृत किसान पोर्टल के माध्यम से पंजीयन अथवा संशोधन कार्य करा सकते हैं। खरीफ मौसम 2026 के लिए 31 अक्टूबर 2026 तक नवीन पंजीयन एवं संशोधन की सुविधा उपलब्ध है। योजना से संबंधित अधिक जानकारी के लिए किसान अपने क्षेत्रीय ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी अथवा वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी से संपर्क कर सकते है
आईटीआई सक्ती में प्रवेश हेतु पुनः ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित
शक्ति -शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था (आईटीआई) सक्ती में प्रवेश हेतु रिक्त सीटों के लिए 17 जुलाई 2026 से 24 जुलाई 2026 रात्रि 11:59 बजे तक ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। इच्छुक अभ्यर्थी वेबसाइट cgiti.admissions.nic.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आईटीआई सक्ती के अधीक्षक श्री चन्द्रेश दिव्य ने बताया कि संस्था में फिटर, विद्युतकार (कोपा) एवं वेल्डिंग टेक्नोलॉजी व्यवसाय संचालित हैं। पूर्व में आवेदन कर चुके अभ्यर्थी, जो आगामी चरण में शामिल होना चाहते हैं, उन्हें अपने लॉगिन आईडी एवं पासवर्ड से पोर्टल पर लॉगिन कर अगले चरण में शामिल होने के लिए सहमति प्रदान करनी होगी। साथ ही निर्धारित शुल्क का भुगतान कर वे अपनी पसंद में आवश्यक परिवर्तन भी कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि यदि पूर्व में प्रवेश प्राप्त अभ्यर्थी इस चरण में भाग लेते हैं तथा आगामी चरणों में उन्हें अन्य सीट आवंटित होती है, तो उनकी पूर्व में प्रवेशित सीट स्वतः निरस्त हो जाएगी। अभ्यर्थियों से ऑनलाइन आवेदन करने से पूर्व वेबसाइट पर उपलब्ध प्रवेश विवरणिका का भली-भांति अध्ययन करने की अपील की गई है। किसी भी प्रकार की जानकारी अथवा मार्गदर्शन के लिए अभ्यर्थी कार्यालयीन समय में आईटीआई सक्ती से संपर्क कर सकते हैं।

