रेलवे के क्षेत्र में देश का गौरव-बिलासपुर बना देश का दूसरा सबसे बड़ा लोडिंग रेलमंडल, यात्री सुविधाओं में भी सुधार।प्रेसवार्ता में डीआरएम राकेश रंजन ने गिनाईं डिवीजन की हासिल की गईं उपलब्धियां



बिलासपुर बना देश का दूसरा सबसे बड़ा लोडिंग रेलमंडल, यात्री सुविधाओं में भी सुधार।प्रेसवार्ता में डीआरएम राकेश रंजन ने गिनाईं डिवीजन की हासिल की गईं उपलब्धियां
शक्ति -बिलासपुर रेल मंडल ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में कई महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। इस वर्ष आधारभूत संरचना, माल लदान, यात्री परिवहन और यात्री सुविधाओं के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति हुई है।यह बातें बिलासपुर रेल मंडल के डीआरएम राकेश रंजन ने मंडल सभाकक्ष में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान कही। इस अवसर पर वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अनुराग कुमार सिंह भी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि बिलासपुर मंडल ने इस वित्तीय वर्ष में 193.970 मिलियन टन माल लदान किया, जो भारतीय रेलवे में दूसरा सबसे अधिक है। यह पिछले वर्ष की तुलना में 4.27 मिलियन अधिक है। यह मंडल की बढ़ती क्षमता और बेहतर संचालन को दर्शाता है। उन्होंने यह भी कहा कि मार्च 2026 में मंडल ने 18.31 मिलियन टन माल लोड कर एक नया मासिक रिकार्ड स्थापित किया। यह अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। डीआरएम रंजन ने बताया कि मंडल में इस वर्ष नई रेलवे लाइनों के निर्माण, तीसरी और चौथी लाइन के कार्यों में तेजी लाई गई।पत्रकारों से चर्चा करते डीआरएम व सीनियर डीसीएम। ने बताया कि 16 लोकोमोटिव को सफलतापूर्वक ‘कवच’ से सुसज्जित किया गया है।चक्रधरनगर ब्लाक केबिन को एक नया स्टेशन के रूप में चालू किया गया है।ट्रेनों के परिचालन में सुगमता आई है। इसके साथ ही प्रमुख स्टेशनों पर यात्री सुविधाओं के विस्तार और आधुनिकीकरण पर विशेष ध्यान दिया गया। यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिल रही है।बिलासपुर में इस वर्ष पेड्रारोड स्टेशन पर पूर्व-पश्चिम कारिडोर कनेक्टिविटी पूरी की गई।26 स्थानों के लक्ष्य के मुकाबले 59 स्थानों पर स्वचालित फायरउपलब्ध कराने के लिए कई नई पहल की गई। यात्री परिवहन के क्षेत्र में भी सुधार दर्ज किया गया है। मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों के समय पालन में 11.11 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।सुरक्षा पर फोकस है। आपरेशन नन्हे फरिश्ते के तहत 189 बच्चों का रेस्क्यू कर उनके परिवारजन से मिलाया।आपरेशन अमानत के तहत 87.92 लाख रुपये का छूटा हुआ सामान बरामद किया गया और यात्रियों को सौंपा गया।मेरी सहेली टीम ने 75,516 अकेली महिला यात्रियों की सहायता की।अलार्म डिटेक्शन प्रणाली का प्रविधान किया गया।भनवारटंक टनल में कम्युनिकेशन सिस्टम स्थापित किया गया।डीआरएम रंजन ने कहा कि मंडल आगे भी इसी तरह विकास कार्यों को गति देता रहेगा और यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और बेहतर सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।


