बाराद्वार थाने के अंतर्गत अंधे कत्ल के मामले में तत्कालीन थाना प्रभारी एवं विवेचना अधिकारी लखन पटेल की सक्रियता से आरोपी को किया न्यायालय ने दंडित


बाराद्वार थाने के अंतर्गत अंधे कत्ल के मामले में तत्कालीन थाना प्रभारी एवं विवेचना अधिकारी लखन पटेल की सक्रियता से आरोपी को किया न्यायालय ने दंडित
शक्ति छत्तीसगढ़ से कन्हैया गोयल की खबर
शक्ति -अंधे कत्ल के प्रकरण में आरोपी रामकुमार केंवट उर्फ करींहा को आजीवन कारावास एवं अर्थदण्ड से माननीय न्यायालय द्वारा किया गया दंडित। प्रकरण में संकलित साक्ष्य को बचाव पक्ष खंडित करने में रहा असफल।मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि दिनांक 30.05.2025 को रात्रि में थाना बाराद्वार के डूमरपारा में एक महिला का शव संदिग्ध अवस्था में पड़ा हुआ है। कि सूचना पर तत्काल मौके पर पहुंचकर विवेचना कार्यवाही प्रारंभ की गई। प्रकरण में मृतिका की पहचान दुवासबाई केंवट पति रामकुमार कंेवट साकिन डुमरपारा के रूप में हुई। जिसके शरीर पर गंभीर चोट दिख रहा था। दुवासबाई को किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा किसी चीज से मारकर गंभीर चोट पहुंचाकर उसकी हत्या की गयी है। उक्त आधार पर थाना बाराद्वार में अपराध क्रमांक 136/2025, धारा 103(1) बीएनएस कायम कर विवेचना की गई।प्रकरण में घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर मृतिका दुवास बाई का जमीन पर गिरा हुआ खून तथा घटना में प्रयुक्त लकड़ी का गुुटका तथा एक कम्बल जप्त किया और प्रदशों का फारेंसिक परीक्षण कराकर रिपोर्ट प्राप्त किया गया। प्रकरण में विवेचना दौरान मुखबिर की सूचना संदेह के आधार पर आरोपी रामकुमार केंवट उर्फ कर्रीहा साकिन डुमरापारा से पूछताछ कर मेमोरेण्डम कथन लेने पर अपराध घटित करना स्वीकार किया जिससे घटना के समय पहने हुये कपड़ों को जप्त कर सुक्ष्म परीक्षण कराया गया तथा आरोपी रामकुमार केंवट उर्फ कर्रीहा को गिर0 कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। प्रकरण में विवेचना पूर्ण कर अभियोग पत्र माननीय न्यायालय प्रस्तुत किया गया था। प्रकरण में विचारण दौरान संकलित साक्ष्य को बचाव पक्ष खंडित करने में असफल रहा जिससे माननीय न्यायालय द्वारा आरोपी को दोषसिद्ध करते हुये आजीवन करावास एवं 1000 रूप्ये के अर्थदण्ड से दिनांक 20.07.2026 को दंडित किया गया है। उपरोक्त कार्यवाही में विवेचना अधिकारी निरीक्षक लखन लाल पटेल तत्कालिन थाना प्रभारी बाराद्वार एवं सहयोगी सउनि यशवंत राठौर तथा अतिरिक्त लोक अभियोजक श्री उदय वर्मा का अहम भूमिका रही।

