खूबसूरत धोखा- स्किन ट्रीटमेंट का लाइसेंस नहीं फिर भी ब्यूटी पॉर्लर में लेजर, केमिकल पील, मस्से हटाने जैसे इलाज-ब्यूटी पॉर्लर में इलाज- चेहरे बर्बाद, ऐसे ट्रीटमेंट से प्रतिदिन 10 से 15 पीड़ित पहुंच रहे अस्पताल


खूबसूरत धोखा- स्किन ट्रीटमेंट का लाइसेंस नहीं फिर भी ब्यूटी पॉर्लर में लेजर, केमिकल पील, मस्से हटाने जैसे इलाज-ब्यूटी पॉर्लर में ‘इलाज’, चेहरे बर्बाद
शक्ति छत्तीसगढ़ से कन्हैया गोयल की खबर
सक्ती- ब्यूटी पार्लर में स्किन स्किन ट्रीटमेंट के नाम पर लोगों को धोखा दिया जा रहा है, तथा ऐसे अनेकों ब्यूटी पार्लर हैं, जिनके पास किसी भी प्रकार का कोई लाइसेंस नहीं है, उसके बाद भी वे धड़ल्ले से ट्रीटमेंट कर रहे हैं, ऐसा ही एक कुछ मामला देखने को मिला, जिसमें प्रोफेसर कॉलोनी की विनीता (बदला नाम) ने कहा कि उनके चेहरे पर दाग थे। जिसे हटाने के लिए ब्यूटी पॉर्लर में केमिकल लगाकर प्रोसिजर किया। जिससे रिएक्शन हो गया था।इलाज के बाद ऐसी स्थिति, दाग जाने में वक्त लगेगा।
ब्यूटी पॉर्लर में अवैध रूप से ये ट्रीटमेंट
बोटाक्स फिलर लेजर ट्रीटमेंट कान के छेद बंद करने के लिए केमिकल स्किन पॉलिशिंग,लेजर,फेशियल
थ्रेड लिफ्ट,डबल चिन रीमूवल आदि
अस्पताल में आ रहे ऐसे केस ज्यादा
रिंकल्स हटाने कान के छेद बंद करने,टैटू रिमूवल, तिल मस्से रिमूवल,आइब्रो को व्यस्थित करने,
नाक को शेप में लाने,डबल चिन फैट रिमूवल आदि।
ऐसे डराते हैं ब्यूटी पार्लर संचालक ,चेहरे-बाल में बताते हैं खामियां, फिर ठीक करने का दावा
राजधानी रायपुर समेत प्रदेश के छोटे बड़े शहरों में अब नए तरह के नीम हकीम उभर रहे हैं। जो ब्यूटी पॉर्लर में डॉक्टरों वाले इलाज दे रहे हैं। सुंदरता बढ़ाने के नाम पर ऐसे घातक केमिकल लगा रहे हैं जिनसे चेहरे बर्बाद हो रहे हैं। पीड़ितों को लंबे समय तक इलाज करवाना पड़ता है। ब्यूटी पॉर्लर इन सेवाओं की एवज में मोटी रकम भी वसूलते हैं। व्यूटी पॉर्लर ऐसे स्किन ट्रीटमेंट कर रहे हैं जो केवल विशेषज्ञ डॉक्टर ही कर सकते हैं। जानकारों की मानें तो एक तरह से ये अवैध मेडिकल प्रैक्ट्रिस है, एक तरह की ठगी है, ब्यूटी पॉर्लर में बिना किसी प्रशिक्षित डॉक्टर के बोटाक्स फिलर, लेजर फेशियल, स्किन पॉलिशिंग, केमिकल पील, थ्रेड लिफ्ट, माइक्रोनीडलिंग जैसी सेवाएं दे रहे हैं। चेहरों पर ऐसे घातक केमिकल लगा रहे हैं जिनसे चेहरे तक बर्बाद हो रहे हैं। डॉक्टरों के बिना इस तरह के प्रोसीजर से संक्रमण, जलन और स्थायी दाग का खतरा बढ़ जाता है। ब्यूटी पार्लर में गलत प्रोसीजर से नुकसान होने पर लोग इसे अपनी गलती मानकर शिकायत नहीं करते, जबकि वहां न डॉक्टर होते हैं और न इमरजेंसी की व्यवस्था। महंगे इलाज के बावजूद वहां संक्रमण से बचाव के इंतजाम नहीं होते और घटिया दवाओं-क्रीम का इस्तेमाल खुलेआम किया जाता है। प्रदेश के सबसे बड़े सुपर स्पेशलिटी अस्पताल डीकेएस अस्पताल में रोज ऐसे 10 से 15 मामले पहुंच रहे हैं। पड़ताल में पता चला है कि पिछले 5 साल में स्वास्थ्य विभाग की ओर से इस तरह के इलाज देने वाले ब्यूटी पॉर्लर पर कोई भी मामला दर्ज नहीं हुआ है।
कितना घातक होता है ऐसा इलाज
ब्यूटी पार्लर में चल रहे ऐसे कारोबार पर जब हमारे मीडिया संस्थान द्वारा इसके संबंध में गहन पड़ताल की गई तो यह बातें सामने आई,तथा ऐसे ब्यूटी पार्लर संचालकों के गलत ट्रीटमेंट से पीड़ित लोगो के आग्रह पर हम उनकी वास्तविक पहचान यहां छिपा रहे हैं।
मामला 01-मेरी सगाई टूट गई, चेहरे पर दाग लंबे वक्त तक रहा
पंचशील नगर की रिया (बदला नाम) की सगाई करीब थी। चेहरे पर झांड्यां थी ब्यूटी पॉर्लर में 20 हजार के पैकेज में चेहरे पर इंजेक्शन लगाए। केमिकल रिएक्शन से बड़ा दाग बन गया। सगाई तक टूट गई।
मामला-02- टैटू हटाने के लिए केमिकल लगा दिया, हुआ रिएक्शन
श्यामनगर की तारा (बदला नाम) ने बताया कि उन्होंने हाथों और पैर में टैटू बनवाया था। ब्यूटी पॉर्लर के स्टाफ ने कहा कि वो टैटू हटा देंगे। उन्होंने टैटू हटाने के लिए केमिकल लगाया, उसके बाद रिएक्शन हो गया।
मामला-03-गलत केमिकल लगाने से आंखें बर्बाद होने से बाल-बाल बचीं
अमलीडीह की सुनीता (बदला नाम) की आंखों में काले घेरे पड़ गए थे। ब्यूटी पॉर्लर में फेशियल के साथ डॉर्क सर्कल हटाने क्रीम दी। लगाने के 2-3 दिन बाद आंखें सूज गईं और चेहरा जल गया।
मामला-04-डबल चिन हटाने की बात कही
टिकरापारा की दुर्गा (बदला नाम) के मुताबिक उनके चेहरे पर फैट बढ़ने लगा था। उनसे व्यूटी पॉर्लर में कहा गया कि वहां डबल चिन का ट्रीटमेंट हो जाएगा। उनकी घंटों तक लंबी सीटिंग चली। जिसमें बहुत सारे प्रोसीजर कर दिए। चेहरा कुछ ऐसा बिगड़ा कि सर्जरी की नौबत आ गई।
मामला-05-कान के छेद बड़े हो गए थे, बंद करने के लिए केमिकल लगाया
रायपुरा की मधु (बदला हुआ नाम) बताती हैं कि ईयर रिंग पहनने से उनके कान के छेद बड़े होने लगे थे। छेद बंद करवाने पॉर्लर में केमिकल लगाया। उसी वक्त उन्हें तेज जलन होने लगी, फिर घाव हो गया।
मामला-06-कान में छेद बंद करने के लिए केमिकल लगाया, रिएक्शन से हुआ ट्यूमर
कटोरा तालाब की बिंदु (बदला नाम) बताती हैं कि वो कान के छेद को बंद कराने के लिए ब्यूटी पॉर्लर के झांसे में आ गई। केमिकल से कान का छेद बंद करने के लिए उनसे 300 रुपए लिए गए। रिएक्शन कुछ ऐसा हुआ कि कान में ट्यूमर जैसा बन गया। डॉक्टरों के इलाज से ये ठीक हुआ।
ब्यूटी पार्लरों में चल रहे ऐसे अवैध ट्रीटमेंट से बचाने लोगों को जागरूक होना होगा- डॉ सुनील कालड़ा
स्किन ट्रीटमेंट विशेषज्ञ चिकित्सकों से ही करवाना चाहिए। ब्यूटी पॉर्लर को भी केवल वही काम करने चाहिए जो उनके दायरे में आते हैं। लोगों को इसके लिए जागरूक करने की भी जरूरत है-डॉ. सुनील कालड़ा, डायरेक्टर, कालड़ा बर्न एंड प्लास्टिक कॉस्मेटिक सर्जरी हॉस्पिटल, रायपुर
राजधानी रायपुर में हर दिन 10 से ज्यादा ऐसे केस
डीकेएस अस्पताल में हर दिन 10 से ज्यादा केस आ रहे हैं। जिनमें ब्यूटी पॉर्लर में स्किन ट्रीटमेंट करवाने के बाद लोगों को गंभीर रिएक्शन हो जाते हैं। लोगों को खुद सतर्क रहने की जरूरत है। गलत होने पर शिकायत करने से झिझके नहीं-डॉ. दक्षेश शाह, एचओडी प्लास्टिक सर्जरी विभाग, डीकेएस
घबराएं नहीं इसके लिए भी समाधान… कड़े कानूनी प्रावधान हैं
यदि कोई व्यक्ति बिना मेडिकल डिग्री के कॉस्मेटिक सर्जरी करता है तो वह दंडनीय अपराध है। उसे 1 वर्ष का कारावास और चोट गंभीर हो तो उसे 7 वर्ष तक का कारावास हो सकता है-डॉ. भूपेंद्र करवन्दे, सहायक प्राध्यापक विधि, शासकीय छत्तीसगढ़ महाविद्यालय



